शिक्षक दिवस पर देशभर में शिक्षकों का सम्मान, राष्ट्रपति ने 48 शिक्षकों को राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से नवाजा

नई दिल्ली। शिक्षक दिवस के अवसर पर शनिवार को देशभर में शिक्षकों के योगदान को याद करते हुए उन्हें सम्मानित किया गया। देश के दूसरे राष्ट्रपति और महान दार्शनिक एवं शिक्षक डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती के उपलक्ष्य में हर वर्ष 5 सितंबर को शिक्षक दिवस मनाया जाता है। दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देशभर के 48 शिक्षकों को राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया।

सम्मान पाने वाले शिक्षकों ने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने के साथ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास, नवाचार और बेहतर भविष्य निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

पीएम मोदी ने पुरस्कार विजेता शिक्षकों से किया संवाद

शिक्षक दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिक्षकों से मुलाकात की और उनके अनुभवों पर संवाद किया। बातचीत के दौरान शिक्षकों ने बताया कि प्रत्येक विद्यार्थी में अलग-अलग प्रतिभा और क्षमता होती है। एक शिक्षक का दायित्व केवल पाठ्यक्रम पूरा करना नहीं, बल्कि बच्चों की प्रतिभा को पहचानकर उसे निखारना भी है।

प्रधानमंत्री के साथ संवाद में शिक्षकों ने अपने स्कूलों में किए जा रहे नवाचारों और विद्यार्थियों की उपलब्धियों के बारे में जानकारी साझा की। कई शिक्षकों ने बताया कि उनके प्रयासों से पहली पीढ़ी के शिक्षार्थी आज आईआईटी, एनआईटी और मेडिकल शिक्षा जैसी ऊंचाइयों का सपना देख रहे हैं।

हरियाणा में भी उत्कृष्ट शिक्षकों का सम्मान

हरियाणा के पंचकूला में शिक्षक दिवस के अवसर पर विशेष समारोह आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के निर्माण की पटकथा लिखने में शिक्षक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के विद्यार्थी ही भविष्य में आईएएस, आईपीएस, डॉक्टर और इंजीनियर बनकर देश की जिम्मेदारी संभालेंगे।

इन विद्यार्थियों को तैयार करने में शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने शिक्षकों से बदलती तकनीक और शिक्षा के नए तरीकों के साथ खुद को लगातार अपडेट करने का आह्वान किया।

यूपी में 81 शिक्षकों को मिला सम्मान

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में भी शिक्षक सम्मान समारोह आयोजित किया गया। यहां शिक्षा में नवाचार करने, विद्यार्थियों को बेहतर दिशा देने और भावी पीढ़ी को संवारने वाले 81 शिक्षकों को राज्य अध्यापक पुरस्कार 2025 और मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार 2025 से सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि दुनिया तेजी से बदल रही है और एआई तथा रोबोटिक्स जैसी तकनीक शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव ला रही हैं। ऐसे में शिक्षकों को नई तकनीकों के अनुरूप खुद को तैयार करना होगा और विद्यार्थियों को भी भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना होगा।

शिक्षक सिर्फ पढ़ाते नहीं, भविष्य गढ़ते हैं

शिक्षक दिवस का संदेश यही है कि शिक्षक केवल किताबों का ज्ञान देने वाला व्यक्ति नहीं होता, बल्कि वह विद्यार्थियों को जीवन की राह दिखाता है। एक अच्छा शिक्षक बच्चों की प्रतिभा को पहचानकर उन्हें आगे बढ़ने का अवसर देता है और उनकी सफलता को अपनी सफलता मानता है। मां जीवन देती है, लेकिन गुरु जीवन को दिशा देता है। देश के विकास और नई पीढ़ी के निर्माण में शिक्षकों के इसी योगदान को शिक्षक दिवस पर नमन किया गया।

Prime Haryana
Author: Prime Haryana

Information with Confirmation

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top