फरीदाबाद, (सरूप सिंह)। जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन अब सख्त रुख अपनाने की तैयारी में है। मंगलवार को आयोजित सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में उपायुक्त आयुष सिन्हा ने गलत दिशा में वाहन चलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि केवल चालान से स्थिति नहीं सुधरेगी, ऐसे मामलों में वाहनों की जब्ती सुनिश्चित की जाए और अगली बैठक में इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।

बैठक के दौरान उपायुक्त ने यातायात पुलिस अधिकारियों से जवाब-तलब करते हुए कहा कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और दिल्ली-आगरा हाईवे पर रोजाना बड़ी संख्या में वाहन गलत दिशा में चलते हैं, जिससे हादसों का खतरा बढ़ रहा है। इस पर एसीपी यातायात शैलेंद्र ने जानकारी दी कि मार्च माह में 943 चालान किए गए हैं। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि सभी दस्तावेज पूरे होने की स्थिति में वाहन जब्त करना चुनौतीपूर्ण होता है, लेकिन अब सख्ती बढ़ाई जाएगी।
रोड सेफ्टी ऑडिट में देरी पर नाराजगी
उपायुक्त ने सड़क सुरक्षा ऑडिट में हो रही देरी पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित विभागों को फटकार लगाते हुए एक सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दो महीने पहले ही सभी विभागों को अपनी सड़कों का सेफ्टी ऑडिट कराने के आदेश दिए गए थे, बावजूद इसके प्रगति संतोषजनक नहीं है।
संवेदनशील स्थानों पर लगेंगी फाइबर-मेटालिक शीट
बैठक में निर्णय लिया गया कि हाईवे पर अवैध रूप से सड़क पार करने की घटनाओं को रोकने के लिए एलसन चौक, जेसीबी चौक और अनाज मंडी जैसे संवेदनशील स्थानों पर 20 दिनों के भीतर विशेष फाइबर-मेटालिक शीट और मजबूत ग्रिल लगाई जाएंगी।
स्थानीय समस्याओं पर भी मंथन
बैठक में बल्लभगढ़-सोहना रोड पर पाली गांव के सामने जलभराव, जर्जर सड़कें, सड़क के बीच खड़े बिजली के खंभे, अव्यवस्थित पार्किंग, टूटी हाईवे ग्रिल और उसे फांदने की घटनाएं प्रमुख मुद्दे रहे। इसके अलावा फुटओवर ब्रिज और एस्केलेटर की कार्यस्थिति, ग्रेटर फरीदाबाद के चौराहों को जाम मुक्त करने, अवैध स्कूल वैन व ऑटो संचालन पर नियंत्रण, तथा सड़कों पर अंधेरे जैसी समस्याओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
पुराने निर्देशों की समीक्षा
बैठक में पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की समीक्षा भी की गई और विभिन्न विभागों द्वारा विकसित की जा रही मॉडल सड़कों की प्रगति का आकलन किया गया। साथ ही हाईवे पर जलभराव वाले स्थानों की पहचान कर उनके स्थायी समाधान पर चर्चा की गई। बैठक का संयोजन क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण के सचिव मुनीश सहगल ने किया। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त अंजलि श्रोत्रिया सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।