500 किलो से ज्यादा ड्रग्स बरामदगी के मामले में आरोपी रितिक बजाज को दिल्ली हाई कोर्ट से फिलहाल राहत मिल गई है. हाई कोर्ट ने मेडिकल आधार पर उसकी अंतरिम जमानत चार और हफ्तों के लिए बढ़ा दी है. बजाज की पत्नी गंभीर रूप से बीमार हैं और उनकी देखभाल के लिए बजाज ने अदालत से जमानत की अवधि बढ़ाने की गुहार लगाई थी.
रितिक बजाज को ट्रायल कोर्ट से पहले अंतरिम जमानत मिली थी. उसे 17 अगस्त को जेल में सरेंडर करना था लेकिन 14 अगस्त को ट्रायल कोर्ट ने जमानत बढ़ाने की उसकी अर्जी खारिज कर दी थी. इसके बाद बजाज ने दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया.
जस्टिस पुरुषैंद्र कुमार कौरव की अदालत में बजाज की ओर से वकील ने दलीलें रखीं. कोर्ट के सामने पत्नी की बीमारी से जुड़े मेडिकल रिकॉर्ड भी पेश किए गए. रिकॉर्ड देखने के बाद हाई कोर्ट ने अंतरिम जमानत चार सप्ताह बढ़ाने का आदेश दिया.
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24 जुलाई से अस्पताल में भर्ती थी पत्नी
बजाज की ओर से बताया गया कि उसकी पत्नी की तबीयत बेहद खराब है. उन्हें 24 जुलाई को अस्पताल में भर्ती कराया गया था. डॉक्टरों ने उनकी रीढ़ की हड्डी की सर्जरी, यानी स्पाइनल डिकंप्रेशन सर्जरी की. इसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें करीब तीन महीने तक बेड रेस्ट की सलाह दी है. कोर्ट को यह भी बताया गया कि बजाज की पत्नी की लगातार मेडिकल निगरानी की जरूरत है. एक निजी ऑर्थोपेडिक डॉक्टर 30 जुलाई और 8 अगस्त को उनके घर जाकर जांच भी कर चुके हैं.
सास भी स्टेज-3 कैंसर से जूझ रही हैं
बजाज ने अपनी अर्जी में परिवार की दूसरी गंभीर समस्या का भी हवाला दिया.बताया गया कि उसकी सास स्टेज-3 ओवेरियन कैंसर से जूझ रही हैं. ऐसे में पत्नी की देखभाल और परिवार की स्थिति को देखते हुए बजाज को कुछ और समय के लिए अंतरिम जमानत देने की मांग की गई.
दुबई से लाया गया था भारत रितिक बजाज
रितिक बजाज इस मामले में लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था.वह दुबई में था और बाद में उसे भारत वापस लाया गया.24 दिसंबर 2025 को उसे दुबई से भारत लाया गया और इसके बाद इस मामले में उसकी गिरफ्तारी हुई. पुलिस ने कोर्ट में बजाज की भूमिका और मामले की गंभीरता पर भी जोर दिया है.जांच के दौरान बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थों की बरामदगी का दावा किया गया है.
पुलिस हिरासत से जुड़ी कार्यवाही के दौरान जांच एजेंसियों ने कोर्ट को बताया था कि इस मामले में 563 किलोग्राम कोकीन और मेफेड्रोन बरामद किया गया है. इसके अलावा करीब 40 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक थाई गांजा भी जब्त किए जाने की बात सामने आई है. मामले में कई अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई हो चुकी है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
एक टेराबाइट से ज्यादा इलेक्ट्रॉनिक सबूत
जांच में पुलिस को बड़ी मात्रा में डिजिटल सबूत भी मिले हैं. कोर्ट को बताया गया कि अब तक एक टेराबाइट से ज्यादा इलेक्ट्रॉनिक डेटा जांच के लिए जुटाया जा चुका है.इसमें इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और डिजिटल रिकॉर्ड से जुड़े सबूत शामिल हैं.जांच एजेंसियों के मुताबिक मामला बड़े ड्रग नेटवर्क से जुड़ा है और कई आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है.
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