हरियाणा से राज्यसभा सांसद संजय भाटिया को भारतीय जनता पार्टी ने नई जिम्मेदारी दी है. बीजेपी ने उन्हें राष्ट्रीय महामंत्री पद की जिम्मेदारी दी है. संजय भाटिया हरियाणा से आते हैं. उनका जन्म 29 जुलाई 1967 को पानीपत हरियाणा में हुआ था. संजय भाटिया ने 1988 में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से संबद्ध आई.बी. कॉलेज, पानीपत से बी.कॉम की डिग्री हासिल की है. संजय भाटिया 2019 में लोकसभा सांसद के रूप में भी चुने गए थे. इसके बाद हरियाणा राज्यसभा चुनाव के दौरान वे उच्च सदन में पहुंचे हैं.
संजय भाटिया ने मई 2019 में लोकसभा चुनाव जीतकर 17वीं लोकसभा के सदस्य बने थे. इसके बाद वे 13 सितंबर 2019 को संसदीय गृह मामलों की स्थायी समिति (Standing Committee on Home Affairs) के सदस्य भी बने. इसके अलावा 9 अक्टूबर 2019 को सांसदों के वेतन और भत्तों से जुड़ी संयुक्त समिति (Joint Committee on Salaries and Allowances of Members of Parliament) के सदस्य बनाए गए. वहीं सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (MSME) की Consultative Committee) के भी सदस्य के रूप में काम कर चुके हैं.
संगठन का काम भी देख चुके हैं संजय भाटिया
संजय भाटिया हरियाणा में संगठन के काम को भी अंजाम देख चुके हैं. वे हरियाणा में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राज्य महासचिव और हरियाणा खादी और ग्राम उद्योग बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष भी रह चुके हैं. संजय भाटिया हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के करीबियों में गिने जाते हैं. भाटिया के एक पंजाबी चेहरे के रूप में जाने जाते हैं.
अपने कॉलेज के समय से ही वे बीजेपी के छात्र संगठन एबीवीपी से जुड़ गए थे. 1987 में उन्हें मंडल सेक्रेटरी बनाया गया था. इसके बाद 1989 में एबीवीपी के जिला महासचिव बनाए गए. इसके बाद संजय भाटिया को 1998 में बीजेपी के युवा मोर्चा के राज्य महासचिव की जिम्मेदारी दी गई.
संजय भाटिया का नाम हरियाणा के मुख्यमंत्री की रेस में भी रहा है. कयास लगाए जा रहे थे कि मनोहर लाल खट्टर के बाद पार्टी उन्हें राज्य की कमान सौंप सकती है, लेकिन पार्टी ने आखिरी समय पर नायब सिंह सैनी को मुख्यमंत्री बनाया.
