नई दिल्ली, (पीआईबी)‘विकसित भारत संकल्प यात्रा’ की बदलावकारी यात्रा काफी जारी-शोर से जारी है, जो असम के विभिन्न स्थानों पर अपनी विशिष्ट छाप छोड़ रही है। आज यह यात्रा कार्बी आंगलोंग के लैंगसोमेपी विकास ब्लॉक या खंड में और इसके साथ ही एक अन्य यात्रा कोकराझार जिले के दाओलाबरी में आयोजित की गई। इसके अलावा एक अन्य (आईईसी) वैनबक्सा जिले के अंतर्गत बेटाबारी पहुंची।

इन आईईसी अभियान वैनों ने पिछले नौ वर्षों में लागू की गई प्रमुख योजनाओं और कार्यक्रमों का एक व्यापक अवलोकन प्रदर्शित किया जिसमें अनगिनत लाभार्थी शामिल हुए, जिन्होंने सरकार की इन पहलों पर अपना-अपना नजरिया साझा किया। एक उल्लेखनीय सहयोग के तहत ऑयल इंडिया लिमिटेड ने संबंधित स्थल पर एक सुविधा केंद्र स्थापित किया जिसने बक्सा में लाभार्थियों को मौके पर ही कनेक्शन देने की पेशकश की।
इस आयोजन ने बड़ी संख्या में लोगों का ध्यान आकर्षित किया और इसके साथ ही इसमें उनकी व्यापक भागीदारी भी हुई, जिससे यह पता चलता है कि वहां रहने वाले समुदायों पर इस यात्रा का गहरा प्रभाव पड़ा है। प्रधानमंत्री ने 15 नवंबर को ‘बिरसा मुंडा जयंती जनजातीय गौरव दिवस’ के अवसर पर शुरू की गई इस यात्रा की आईईसी वैन आदिवासी जिलों से अपनी यात्रा पर रवाना की।
इस यात्रा का व्यापक लक्ष्य सभी पात्र लाभार्थियों को आवश्यक सेवाएं सुलभ कराना है, जिनमें स्वच्छता सुविधाओं, वित्तीय सेवाओं, बिजली कनेक्शन, वंचितों के लिए आवास, खाद्य सुरक्षा, पोषण, स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छ पेयजल से लेकर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक शामिल हैं। इसके तहत इन समस्त योजनाओं के बारे में लोगों में जागरूकता बढ़ाने और अंतिम छोर पर मौजूद व्यक्तियों तक संबंधित लाभों को पहुंचाने पर फोकस किया जा रहा है।
